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April 17, 2026 3:39 am

सिवान : ओसामा शहाब पर भूमि कब्जा, मारपीट और तोड़फोड़ का आरोप, प्राथमिकी दर्ज

✒️ परवेज अख्तर / एडिटर इन चीफ

जमीन विवाद ने लिया गंभीर रूप, पुलिस जांच में जुटी

  • चिकित्सक दंपति ने विधायक पर गंभीर आरोप लगाए
  • निर्माण कार्य रुकवाने और मारपीट का आरोप
  • सीसी कैमरा तोड़ने व सामान लूटने की भी शिकायत
  • डीआइजी ने मौके पर पहुंचकर किया निरीक्षण

सिवान। जिले में जमीन विवाद को लेकर एक बड़ा मामला सामने आया है, जिसमें रघुनाथपुर से राजद विधायक ओसामा शहाब पर भूमि कब्जा, मारपीट और तोड़फोड़ के गंभीर आरोप लगाए गए हैं। इस संबंध में पीड़ित चिकित्सक डा. सुधा सिंह ने महादेवा थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, डा. सुधा सिंह, जो वर्तमान में गोरखपुर में निवास करती हैं, ने अपने आवेदन में आरोप लगाया है कि महादेवा थाना क्षेत्र के झुनापुर स्थित उनकी जमीन पर चल रहे निर्माण कार्य में विधायक ओसामा शहाब के कहने पर बाधा डाली गई। उनके अनुसार, निर्माण स्थल पर पहुंचे लोगों ने कर्मियों के साथ मारपीट की और वहां लगे सीसी कैमरे को तोड़ दिया।
पीड़िता ने बताया कि उन्होंने उक्त भूमि 7 सितंबर 2024 को विधिवत रूप से खरीदी थी, जिसके बाद अंचल कार्यालय में उनके और उनके पति के संयुक्त नाम से जमाबंदी दर्ज की गई। लगभग तीन माह पूर्व उन्होंने चारदीवारी और एक कमरे का निर्माण कार्य शुरू कराया था।
आरोप के अनुसार, इसी दौरान विधायक ओसामा शहाब ने उस भूमि पर अपना भी दावा जताया और निर्माण कार्य रोकने को कहा। उन्होंने कागजात दिखाने की मांग की, जिस पर पीड़िता ने अपने दस्तावेज उपलब्ध कराए। बाद में विधायक द्वारा आश्वासन भी दिया गया कि यदि कागजात सही पाए गए तो निर्माण कार्य जारी रखने में कोई आपत्ति नहीं होगी।
हालांकि, पीड़िता का आरोप है कि बाद में संपर्क करने की कोशिश के बावजूद विधायक से कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद उन्होंने पुनः निर्माण कार्य शुरू कराया। 14 अप्रैल को कथित रूप से विधायक द्वारा फोन कर काम रोकने को कहा गया और उसी दिन 30 से 40 लोगों के साथ हथियारबंद व्यक्तियों ने स्थल पर पहुंचकर कर्मियों के साथ मारपीट की।
आवेदन में यह भी आरोप लगाया गया है कि फरहान और साबिर नामक दो व्यक्तियों ने कर्मियों के मोबाइल फोन छीन लिए और सीसी कैमरा तोड़कर अपने साथ ले गए। साथ ही निर्माण कार्य में उपयोग हो रहे उपकरण भी जबरन उठा लिए गए और गोरखपुर लौट जाने की धमकी दी गई।
इधर, मामले की गंभीरता को देखते हुए सारण डीआइजी नीलेश कुमार ने गुरुवार की देर शाम घटनास्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए निष्पक्ष जांच और आगे की कार्रवाई के सख्त आदेश दिए। इस दौरान पुलिस अधीक्षक पूरन कुमार झा, सदर एसडीपीओ अजय कुमार सिंह सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है और सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए कार्रवाई की बात कही जा रही है।

Samay Siwan
Author: Samay Siwan

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