✒️ परवेज अख्तर / एडिटर इन चीफ
- सभी स्कूल वाहनों के चालक-सह चालक का पुलिस सत्यापन अनिवार्य
- 15 दिनों के भीतर रिपोर्ट जिला परिवहन कार्यालय में जमा करनी होगी
- वाहनों में फर्स्ट एड, अग्निशामक यंत्र और डैशकैम अनिवार्य
- नियमों के उल्लंघन पर होगी कानूनी व आर्थिक कार्रवाई
- सड़क सुरक्षा को लेकर डीएम का सख्त निर्देश
सिवान: सड़क सुरक्षा और विद्यार्थियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए जिलाधिकारी विवेक रंजन मैत्रेय ने जिले के सभी विद्यालयों के लिए सख्त दिशा-निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया है कि विद्यालयों में संचालित सभी वाहनों का संचालन पूरी तरह सुरक्षित और नियमों के अनुरूप होना अनिवार्य है।
डीएम ने मोटर व्हीकल एक्ट 1988, स्कूल बस नियम और उच्चतम न्यायालय द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का हवाला देते हुए कहा कि सभी विद्यालयों के चालक एवं सह चालक का पुलिस सत्यापन अनिवार्य रूप से कराया जाए। यह प्रक्रिया 15 दिनों के भीतर पूरी कर जिला परिवहन कार्यालय को रिपोर्ट सौंपनी होगी।
इसके साथ ही सभी विद्यालय वाहनों में प्राथमिक उपचार (फर्स्ट एड) की समुचित व्यवस्था और अग्निशामक यंत्र लगाना अनिवार्य किया गया है। वाहनों के अंदर आगे और पीछे डैशकैम लगाने के निर्देश भी दिए गए हैं, ताकि सुरक्षा की निगरानी सुनिश्चित की जा सके।
डीएम ने यह भी निर्देश दिया कि सभी विद्यालय वाहनों के दस्तावेज अद्यतन रखें जाएं। साथ ही वाहनों के आगे और पीछे स्पष्ट रूप से विद्यालय का नाम और “On School Duty” अंकित होना चाहिए।
प्रत्येक विद्यालय प्रबंधन को एक परिवहन प्रभारी नियुक्त कर उसकी सूचना जिला परिवहन पदाधिकारी को देने का निर्देश दिया गया है।
जिलाधिकारी ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि निर्धारित समय सीमा में इन निर्देशों का पालन नहीं किया गया, तो संबंधित संस्थानों के खिलाफ नियमानुसार कानूनी एवं आर्थिक दंड की कार्रवाई की जाएगी।

