✍🏽 परवेज़ अख़्तर/एडिटर इन चीफ
सिवान: मंडल कारा में बंद सजावार और विचाराधीन बंदियों को अब कंप्यूटर का व्यावहारिक प्रशिक्षण मिलेगा। गृह विभाग के कारा एवं सुधार सेवाएं निरीक्षणालय द्वारा इस उद्देश्य के लिए पांच कंप्यूटर सेट, यूपीएस और कंप्यूटर टेबल की व्यवस्था की जाएगी। कारा में कंप्यूटर लैब स्थापित करने के लिए आवश्यक धनराशि का आवंटन भी कर दिया गया है।
मंडल काराधीक्षक देवाशीष कुमार सिन्हा ने बताया कि राष्ट्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआइईएलआइटी) के माध्यम से प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके लिए योग्य और इच्छुक बंदियों की सूची तैयार की जा रही है। एक बैच में पांच बंदी शामिल होंगे, और उन्हें कंप्यूटर की व्यावहारिक समझ विकसित करने पर जोर दिया जाएगा।
कारा में कंप्यूटर रखने के लिए ₹13,000 प्रति टेबल की दर से टेबल खरीदी जाएगी। इसके तहत बंदियों के बैच बनाकर प्रशिक्षण की प्रक्रिया को व्यवस्थित तरीके से संचालित किया जाएगा।
गौरतलब है कि इससे पहले मंडल कारा में बंदियों को मसाला पीसने, मशरूम उत्पादन, बकरी पालन, टीवी-रेडियो रिपेयरिंग और तेल पेराई जैसे परंपरागत रोजगारों का प्रशिक्षण दिया जाता रहा है। अब कंप्यूटर युग के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए बंदियों के बीच कंप्यूटर प्रशिक्षण की मांग को पूरा करने के लिए यह कदम उठाया गया है। इसका उद्देश्य बंदियों को आत्मनिर्भर बनाना है ताकि जेल से छूटने के बाद वे समाज में एक नई पहचान बना सकें।

