✒️ परवेज अख्तर / एडिटर इन चीफ
2019 के हत्या कांड में न्यायालय का बड़ा फैसला
- पियाउर गांव में 2019 में हुई थी हत्या
- दो अभियुक्तों को कोर्ट ने दोषी करार दिया
- आजीवन कारावास व 13 हजार रुपये का जुर्माना
- जुर्माना नहीं देने पर 7 माह अतिरिक्त सजा
सिवान: जिले के चर्चित हत्या मामले में न्यायालय ने अहम फैसला सुनाते हुए दो अभियुक्तों को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई है। दोनों दोषियों को आजीवन कारावास के साथ 13 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया गया है।
इस संबंध में पुलिस अधीक्षक पूरन कुमार झा द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया कि 27 जून 2019 को एमएच नगर थाना क्षेत्र के पियाउर गांव में बदमाशों ने अली अहमद उर्फ गुलाम रवानी की गोली मारकर हत्या कर दी थी। इस मामले में एमएच नगर थाना कांड संख्या-190/16 दर्ज कर पुलिस ने अनुसंधान शुरू किया था।
जिला पुलिस द्वारा वैज्ञानिक एवं तकनीकी अनुसंधान के आधार पर साक्ष्य एकत्रित कर न्यायालय में प्रस्तुत किए गए। साथ ही विशेष लोक अभियोजक ब्रजकिशोर प्रसाद के सहयोग से मामले का ट्रायल पटना न्यायालय में पूरा किया गया।
अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश-26 पटना, विवेक राय की अदालत ने पियाउर निवासी अबरे आलम और फारूख मियां को दोषी पाते हुए आजीवन कारावास और 13 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। न्यायालय ने यह भी निर्देश दिया कि अर्थदंड की राशि नहीं जमा करने पर दोनों दोषियों को सात माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
इस फैसले को न्याय की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। पुलिस प्रशासन ने कहा कि अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

