✒️ परवेज अख्तर / एडिटर इन चीफ
- 135वीं जयंती पर बैठक व सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित
- शिक्षा और सामाजिक समानता पर वक्ताओं ने दिया बल
- मिशन गायक विकास राव ने गीतों के माध्यम से किया संबोधन
- बड़ी संख्या में समाज के लोगों की रही सहभागिता
सिवान, 14 अप्रैल: विश्व विभूति, भारत रत्न एवं ज्ञान के प्रतीक बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर की 135वीं जयंती के अवसर पर सिवान में भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह आयोजन जयंती समारोह समिति सिवान एवं अनुसूचित जाति-जनजाति कर्मचारी संघ सिवान के तत्वावधान में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम की अध्यक्षता बिहार सरकार के स्वास्थ्य विभाग के पूर्व उपनिदेशक डॉ. एस. के. अमन ने की, जबकि संचालन बी. के. प्रसाद एवं गणेश राम उर्फ ज्ञान रत्न (अधिवक्ता, सिवान) द्वारा किया गया।

इस अवसर पर मिशन गायक विकास राव ने अपने गायन के माध्यम से बाबा साहेब के विचारों और उनके योगदान को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया, जिससे उपस्थित लोगों में खासा उत्साह देखने को मिला।
सभा को संबोधित करते हुए अधिवक्ता गणेश राम उर्फ ज्ञान रत्न ने कहा कि यदि बाबा साहेब नहीं होते, तो आज समाज के दबे-कुचले वर्ग इस मुकाम तक नहीं पहुंच पाते। उन्होंने कहा कि संविधान की देन है कि आज हर वर्ग की बेटियां शिक्षा प्राप्त कर रही हैं और महिलाएं पुरुषों के बराबर ऊंचे पदों पर पहुंच रही हैं।

डॉ. इंद्रमोहन कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि बाबा साहेब की ही देन है कि आज वे डॉक्टर बन सके हैं। उन्होंने अभिभावकों से अपने बच्चों को शिक्षा के प्रति प्रेरित करने की अपील की। वहीं, डॉ. राजीव कुमार रंजन ने कहा कि संविधान के कारण आज सभी वर्गों के लोग सामाजिक रूप से एकजुट होकर आगे बढ़ रहे हैं और उच्च पदों तक पहुंच रहे हैं।

कार्यक्रम में राजदेव बौद्ध, डॉ. अशोक कुमार, डॉ. सुधा रंजन, डॉ. संगीता कुमारी, डॉ. आर. शंकर, डॉ. राजेश रंजन, डॉ. एम. डी. अली, डॉ. शंभू कुमार, डॉ. शरद चौधरी, डॉ. मुकेश कुमार, डॉ. निशा कुमारी, परदेशी राम दास, धुरेंद्र राम, ललन बैठा, श्रीराम दास, मोतीलाल बौद्ध, अरुण कुमार, श्रीराम भारती, हीरालाल राम, प्रेम मांझी, शैलेन्द्र चौधरी, प्रमोद कुमार सहित बड़ी संख्या में गणमान्य लोगों ने अपने विचार व्यक्त किए।
इस संबंध में जानकारी देते हुए अधिवक्ता गणेश राम उर्फ ज्ञान रत्न ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कार्यक्रम की सफलता पर सभी प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया।

