✒️ परवेज अख्तर / एडिटर इन चीफ
पूछताछ में 18 आपराधिक सहयोगियों के नाम उजागर
- एसआईटी गिरफ्तारी के बाद सिवान लाकर हुई गहन पूछताछ
- शहाबुद्दीन से दुश्मनी की बात भी कबूली
- हत्या, रंगदारी, फिरौती जैसे मामलों में सक्रिय गैंग
- कई जिलों में फैले नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस
सिवान: खान ब्रदर्स के सदस्य अयूब खान की मुजफ्फरपुर में एसआईटी द्वारा गिरफ्तारी के बाद उसे सिवान लाया गया, जहां 16 मार्च को सिसवन थाना कांड संख्या-352/25 के तहत उससे गहन पूछताछ की गई। पूछताछ के दौरान आंदर प्रभाग के निरीक्षक राजेश के समक्ष अयूब खान ने कई चौंकाने वाले खुलासे किए, जिससे जिला पुलिस भी सतर्क हो गई है।
अपने बयान में अयूब खान ने दिवंगत पूर्व सांसद मोहम्मद शहाबुद्दीन से अपनी दुश्मनी की बात स्वीकार करते हुए बताया कि पहले वह और उसका भाई शहाबुद्दीन के लिए काम करते थे। उनके पिता पुलिस सेवा से सेवानिवृत्त होकर घर आए और चुनाव लड़ने की तैयारी करने लगे, तभी शहाबुद्दीन के गुर्गों द्वारा उनके पिता का अपहरण करा लिया गया। इस घटना के बाद खान ब्रदर्स ने भी बदले की कार्रवाई करते हुए शहाबुद्दीन के एक संबंधी का हथियार के बल पर अपहरण किया। बाद में समझौता हुआ, लेकिन यहीं से दोनों भाई अपराध की दुनिया में सक्रिय हो गए और “खान ब्रदर्स” के नाम से पहचान बनाने लगे।
पूछताछ के क्रम में अयूब खान ने अपने गैंग में शामिल 18 आपराधिक सहयोगियों के नाम भी पुलिस के सामने उजागर किए। इन सभी पर विभिन्न थानों में हत्या, डकैती, रंगदारी, फिरौती और जमीन कब्जा जैसे गंभीर आरोप दर्ज हैं। पुलिस अब इन सभी के आपराधिक इतिहास की जांच में जुट गई है और अन्य जिलों के थानों से भी संपर्क स्थापित कर रही है।
अयूब खान ने अपने बयान में यह भी बताया कि उसकी आय का मुख्य स्रोत चोरी, लूट, डकैती, जमीन से लेवी वसूली, रैक प्वाइंट से वसूली और पेशेवर हत्या करवाना था। उसने स्वीकार किया कि उसका और उसके भाई का मुख्य पेशा हत्या, रंगदारी, अवैध कब्जा, अपहरण और हथियार के बल पर आपराधिक गतिविधियां संचालित करना बन गया था।
उसके द्वारा बताए गए सहयोगियों में संदीप कुमार, चंदन चौधरी, जिम्मी, अमरेन्द्र शर्मा, मोहम्मद साहेब उर्फ राजू, डायमंड, महफूज कुरैशी, शमीम असगर, असरफ, बब्लू साईं, गुड्डू शर्मा, दिलशाद साईं, शाहरूख खान उर्फ गरीब खान, समीना खातून, अब्दुल कलाम आजाद अंसारी, बाबु अली अंसारी, शाहआलम खान और अफताब शामिल हैं। पुलिस ने इन सभी के खिलाफ दर्ज मामलों की जांच शुरू कर दी है और साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।
कहते हैं अधिकारी:
पूछताछ के दौरान अयूब खान ने कई महत्वपूर्ण जानकारी दी है। उसके गैंग में शामिल 18 सहयोगियों के आपराधिक इतिहास की जानकारी जुटाई जा रही है। अन्य जिलों से भी संपर्क स्थापित किया गया है। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
— पूरन कुमार झा, पुलिस अधीक्षक, सिवान

