✒️ परवेज अख्तर / एडिटर इन चीफ
- चंदन सिंह ने पटना के IGIMS में तोड़ा दम
- 29 अप्रैल को आंदर ढाला में हुई थी गोलीबारी
- पहले बेटे हर्ष सिंह की हुई थी मौके पर मौत
- इलाज के दौरान पिता चंदन सिंह की भी मौत
- मुख्य आरोपी सोनू यादव एनकाउंटर में मारा जा चुका है
सिवान: नगर थाना क्षेत्र के आंदर ढाला स्थित कमला प्रेस के पास 29 अप्रैल को हुए चर्चित गोलीकांड में अब मृतकों की संख्या दो हो गई है। इस घटना में गंभीर रूप से घायल चंदन सिंह की बुधवार को लगभग 5 बजे में पटना स्थित Indira Gandhi Institute of Medical Sciences (IGIMS) में इलाज के दौरान मौत हो गई।
गोली लगने के बाद चंदन सिंह को पहले सिवान सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां उनकी हालत गंभीर देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें पटना रेफर कर दिया था। पिछले कई दिनों से उनका इलाज चल रहा था, लेकिन आखिरकार उन्होंने दम तोड़ दिया।
गौरतलब है कि 29 अप्रैल की देर शाम आंदर ढाला के पास सड़क पर साइड लेने और वाहन टक्कर को लेकर विवाद हुआ था। विवाद इतना बढ़ गया कि बदमाशों ने ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। इस गोलीबारी में चंदन सिंह के 22 वर्षीय पुत्र हर्ष सिंह की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि चंदन सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए थे।
इस मामले में पूर्व एमएलसी सह कोऑपरेटिव बैंक अध्यक्ष मनोज कुमार सिंह ने नगर थाना में प्राथमिकी दर्ज कराते हुए कई लोगों को नामजद आरोपी बनाया था। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए पहले छोटू यादव और सुनील यादव को गिरफ्तार किया था। वहीं, मुख्य आरोपी सोनू यादव बाद में पुलिस मुठभेड़ में मारा गया था।
चंदन सिंह की मौत की खबर मिलते ही पैगंबरपुर गांव समेत पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है और बड़ी संख्या में लोग परिवार को सांत्वना देने पहुंच रहे हैं।
पुलिस का कहना है कि मामले में फरार अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी जारी है।

