✍🏽 परवेज़ अख़्तर/एडिटर इन चीफ
सरकारी बजट को जनविरोधी बताते हुए सड़क पर उतरे कार्यकर्ता, कई मांगें उठाईं
हुसैनगंज (सीवान) : बिहार सरकार के बजट को जनविरोधी बताते हुए भाकपा माले कार्यकर्ताओं ने प्रखंड मुख्यालय में जोरदार प्रतिवाद मार्च निकाला। इस दौरान सरकार पर महंगाई, बेरोजगारी, भ्रष्टाचार और कृषि संकट को नज़रअंदाज करने का आरोप लगाया गया। प्रदर्शन की अध्यक्षता प्रदीप कुशवाहा ने की, जबकि मुख्य वक्ता के रूप में माले नेता जयनाथ यादव ने सरकार की नीतियों पर सवाल खड़े किए।
उन्होंने कहा कि सरकार ने इस बजट में किसानों की आय, कृषि बाजारों के सशक्तिकरण, फसलों के समर्थन मूल्य और बटाईदारों को पंजीकृत कर सरकारी अनुदान देने की कोई ठोस योजना नहीं बनाई है। इसके अलावा, आशा, रसोइया, आंगनबाड़ी, जीविका, सफाई कर्मियों समेत सभी ठेका कर्मियों की सेवा स्थायी करने और उन्हें प्रतिमाह 26 हजार रुपये मानदेय देने की मांग उठाई गई।
माले नेताओं ने गरीब परिवारों को स्वरोजगार योजना के तहत दो-दो लाख रुपये की आर्थिक सहायता, आवास और रोजगार उपलब्ध कराने की मांग की। साथ ही, माइक्रोफाइनेंस कंपनियों से लिए गए कर्ज को माफ करने की भी मांग उठाई गई। इस प्रदर्शन में भाकपा माले नेता महफूज आलम, अजमत अंसारी, खालिद हुसैन समेत बड़ी संख्या में लोग शामिल रहे।