✒️ परवेज अख्तर / एडिटर इन चीफ
चंदौली गांव के सबिता पब्लिक स्कूल में हुआ हंसी से भरपूर सत्र, छात्र-छात्राएं हंसते-हंसते हुए लोटपोट
सिवान जिले के आंदर प्रखंड अंतर्गत चंदौली गांव स्थित सबिता पब्लिक स्कूल में शुक्रवार को एक अनोखा और मनोरंजक सत्र आयोजित किया गया। इस सत्र में देशभर में लाफिंग बुद्धा के नाम से प्रसिद्ध नागेश्वर दास ने बच्चों और शिक्षकों को हंसी के महत्व को समझाया और उन्हें जीने की नई प्रेरणा दी।
कार्यक्रम की शुरुआत में स्कूल के निदेशक प्रताप शेखर सिंह ने लाफिंग बुद्धा का स्वागत किया। नागेश्वर दास ने अपने विशेष अंदाज में छात्र-छात्राओं और शिक्षकों को हंसी की अहमियत बताई और सभी को ठहाकों में झूमने पर मजबूर कर दिया। उन्होंने कहा कि हंसी जीवन की एक मुफ्त दवा है, जो तनाव और बीमारियों से लड़ने की ताकत देती है।
लाफिंग बुद्धा ने बताया कि जो परिवार हंसता है, वही टिकता है। बिना हंसी के जीवन बेरंग हो जाता है और इससे मानसिक व शारीरिक समस्याएं जन्म लेती हैं। उन्होंने बच्चों को सिखाया कि कैसे छोटी-छोटी बातों में खुशी खोजी जाए और जीवन को तनावमुक्त बनाया जाए।
विद्यालय की कोऑर्डिनेटर सविता कुमारी ने बताया कि इस कार्यक्रम से छात्राओं में मानसिक स्फूर्ति और आत्मविश्वास की वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रेरणादायक और मनोरंजक सत्र समय-समय पर होने चाहिए, जिससे बच्चों का सर्वांगीण विकास हो सके।
इस अवसर पर दार्जिलिंग से आए शिक्षक भक्ति राय, मीना राय, पूर्णिमा बरूआ, उज्ज्वल साह, प्रशांत सिंह, आरती कुमारी, प्रीति कुमारी, अंकित सिंह, पलक पाठक, संजना कुमारी और बीना कुमारी सहित कई शिक्षक व शिक्षिकाएं उपस्थित रहे।

